1. मुख्यमंत्री बनने के बाद पहला बड़ा फैसला किसानों की कर्जमाफी का लेंगे
2. 20 से ज्यादा सदस्यों को टीम में शामिल करने के लिए मंथन
भोपाल . कांग्रेस विधायक दल के नेता कमलनाथ सोमवार को प्रदेश के 18वें मुख्यमंत्री बनेंगे। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल दोपहर 1:30 बजे जंबूरी मैदान में आयोजित भव्य समारोह में उन्हें मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाएंगी। नाथ मुख्यमंत्री बनने के बाद पहला बड़ा फैसला किसानों की कर्जमाफी का लेंगे। इसके बाद वे बेरोजगारी भत्ता दिए जाने पर भी अफसरों से चर्चा करेंगे। नाथ मंत्रिमंडल का गठन तीन से चार दिन में कर सकते हैं। मंत्रिमंडल के गठन में वरिष्ठता, क्षेत्रीय संतुलन और जातिगत समीकरण का ध्यान रखा जा रहा है। उप मुख्यमंत्री को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। 20 से ज्यादा विधायकों को मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने पर मंथन चल रहा है।
प्रोटेम स्पीकर के लिए भार्गव और डा. गोविंद सिंह के नाम : सभी निर्वाचित 230 विधायकों को शपथ दिलाएंगे। नव निर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाए जाने की शुरुआत इस माह के अंत में हो सकती है। 14 वीं विधानसभा में जब भाजपा सत्ता में आई थी। उस दौरान सत्तापक्ष की ओर से केडी देशमुख को प्रोटेम स्पीकर बनाया गया था, उन्होंने नव निर्वाचित सदस्यों को विधायक की शपथ दिलाई थी।
नेवरी मंदिर पहुंचकर लिया शिव का आशीर्वाद : कमलनाथ रविवार शाम लालघाटी स्थित प्राचीन नेवरी मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान शिव का अभिषेक किया। मंदिर के पुजारी पं. विजय शर्मा ने बताया कि नाथ पास में ही स्थित काल भैरव मठ भी पहुंचे।
मंत्रिमंडल में ऐसे हो सकता है क्षेत्रीय संतुलन
मालवा-निमाड़ : सज्जन सिंह वर्मा, हुकुमसिंह कराड़ा, विजय लक्ष्मी साधौ, बाला बच्चन, तुलसी सिलावट, उमंग सिंघार, जीतू पटवारी, सचिन यादव, राज्यवर्द्धन सिंह दत्तीगांव, दिलीप सिंह गुर्जर या रामलाल मालवीय।
विंध्य : बिसाहू लाल, कमलेश्वर पटेल।
मध्य : आरिफ अकील, डॉ. प्रभुराम चौधरी, पीसी शर्मा, लक्ष्मण सिंह या जयवर्द्धन सिंह।
ग्वालियर-चंबल : डॉ. गोविंद सिंह, केपी सिंह, एंदल सिंह कंसाना, लाखन सिंह, प्रद्युमन सिंह, इमरती देवी।
बुंदेलखंड : ब्रजेंद्र सिंह राठौर, गोविंद सिंह राजपूत, हर्ष यादव, विक्रम सिंह।
महाकौशल : एनपी प्रजापति, तरुण भानौत, दीपक सक्सेना, लखन घनघोरिया, ओमकार सिंह मरकाम, सुखदेव पांसे, हिना कावरे।
निर्दलीय : चार बार के विधायक प्रदीप जायसवाल और सुरेंद्र सिंह उर्फ शेरा।
विधानसभा अध्यक्ष : डॉ. गोविंद सिंह, केपी सिंह, डॉ. विजय लक्ष्मी साधौ, एनपी प्रजापति में किसी एक को विधानसभा अध्यक्ष बनाया जा सकता है।
भोपाल से मोदी को चुनौती महागठबंधन की ताकत दिखाएगी कांग्रेस, लेकिन सोनिया, मायावती और ममता समारोह में नहीं आएंगे
समारोह में पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह, एचडी देवगौड़ा, कर्नाटक के सीएम एचडी कुमार स्वामी, आंध्रप्रदेश के चंद्रबाबू नायडू, फारूख अब्दुल्ला (नेकां), स्टालिन (डीएमके), शरद पवार (एनसीपी), तेजस्वी यादव (राजद), हेमंत सोरेन (झामुमो), शरद यादव (लोजद) के अलावा कांग्रेस के राजबब्बर, नवजोत सिंह सिद्धू सहित कई बड़े नेता शामिल होंगे।
1. मुख्यमंत्री बनने के बाद पहला बड़ा फैसला किसानों की कर्जमाफी का लेंगे
2. 20 से ज्यादा सदस्यों को टीम में शामिल करने के लिए मंथन
भोपाल . कांग्रेस विधायक दल के नेता कमलनाथ सोमवार को प्रदेश के 18वें मुख्यमंत्री बनेंगे। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल दोपहर 1:30 बजे जंबूरी मैदान में आयोजित भव्य समारोह में उन्हें मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाएंगी। नाथ मुख्यमंत्री बनने के बाद पहला बड़ा फैसला किसानों की कर्जमाफी का लेंगे। इसके बाद वे बेरोजगारी भत्ता दिए जाने पर भी अफसरों से चर्चा करेंगे। नाथ मंत्रिमंडल का गठन तीन से चार दिन में कर सकते हैं। मंत्रिमंडल के गठन में वरिष्ठता, क्षेत्रीय संतुलन और जातिगत समीकरण का ध्यान रखा जा रहा है। उप मुख्यमंत्री को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। 20 से ज्यादा विधायकों को मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने पर मंथन चल रहा है।
प्रोटेम स्पीकर के लिए भार्गव और डा. गोविंद सिंह के नाम : सभी निर्वाचित 230 विधायकों को शपथ दिलाएंगे। नव निर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाए जाने की शुरुआत इस माह के अंत में हो सकती है। 14 वीं विधानसभा में जब भाजपा सत्ता में आई थी। उस दौरान सत्तापक्ष की ओर से केडी देशमुख को प्रोटेम स्पीकर बनाया गया था, उन्होंने नव निर्वाचित सदस्यों को विधायक की शपथ दिलाई थी।
नेवरी मंदिर पहुंचकर लिया शिव का आशीर्वाद : कमलनाथ रविवार शाम लालघाटी स्थित प्राचीन नेवरी मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान शिव का अभिषेक किया। मंदिर के पुजारी पं. विजय शर्मा ने बताया कि नाथ पास में ही स्थित काल भैरव मठ भी पहुंचे।
मंत्रिमंडल में ऐसे हो सकता है क्षेत्रीय संतुलन
मालवा-निमाड़ : सज्जन सिंह वर्मा, हुकुमसिंह कराड़ा, विजय लक्ष्मी साधौ, बाला बच्चन, तुलसी सिलावट, उमंग सिंघार, जीतू पटवारी, सचिन यादव, राज्यवर्द्धन सिंह दत्तीगांव, दिलीप सिंह गुर्जर या रामलाल मालवीय।
विंध्य : बिसाहू लाल, कमलेश्वर पटेल।
मध्य : आरिफ अकील, डॉ. प्रभुराम चौधरी, पीसी शर्मा, लक्ष्मण सिंह या जयवर्द्धन सिंह।
ग्वालियर-चंबल : डॉ. गोविंद सिंह, केपी सिंह, एंदल सिंह कंसाना, लाखन सिंह, प्रद्युमन सिंह, इमरती देवी।
बुंदेलखंड : ब्रजेंद्र सिंह राठौर, गोविंद सिंह राजपूत, हर्ष यादव, विक्रम सिंह।
महाकौशल : एनपी प्रजापति, तरुण भानौत, दीपक सक्सेना, लखन घनघोरिया, ओमकार सिंह मरकाम, सुखदेव पांसे, हिना कावरे।
निर्दलीय : चार बार के विधायक प्रदीप जायसवाल और सुरेंद्र सिंह उर्फ शेरा।
विधानसभा अध्यक्ष : डॉ. गोविंद सिंह, केपी सिंह, डॉ. विजय लक्ष्मी साधौ, एनपी प्रजापति में किसी एक को विधानसभा अध्यक्ष बनाया जा सकता है।
भोपाल से मोदी को चुनौती महागठबंधन की ताकत दिखाएगी कांग्रेस, लेकिन सोनिया, मायावती और ममता समारोह में नहीं आएंगे
समारोह में पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह, एचडी देवगौड़ा, कर्नाटक के सीएम एचडी कुमार स्वामी, आंध्रप्रदेश के चंद्रबाबू नायडू, फारूख अब्दुल्ला (नेकां), स्टालिन (डीएमके), शरद पवार (एनसीपी), तेजस्वी यादव (राजद), हेमंत सोरेन (झामुमो), शरद यादव (लोजद) के अलावा कांग्रेस के राजबब्बर, नवजोत सिंह सिद्धू सहित कई बड़े नेता शामिल होंगे।

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